तुमसे क्या लड़ूँ ,
खुद से लड़ाई जारी है,
तुमको मैं क्या समझाऊँ,
खुद को ही समझाना भारी है,
औरों पर कमजोरों का नियंत्रण,
खुद पर हो नियंत्रण,
राम, बुद्ध,महावीर की दी ऐसी,
ऐसी कुछ संस्कृति हमारी है।


तुमसे क्या लड़ूँ ,
खुद से लड़ाई जारी है,
तुमको मैं क्या समझाऊँ,
खुद को ही समझाना भारी है,
औरों पर कमजोरों का नियंत्रण,
खुद पर हो नियंत्रण,
राम, बुद्ध,महावीर की दी ऐसी,
ऐसी कुछ संस्कृति हमारी है।