तुझमें मानता नही हूँ,
फिर भी लें झुक जाता हूँ,
देख ढेर लाशों का,
सर अपना झुकाता हूँ,
अब बस कर दे,
मैंने नही पर
बाकी सबने तो तुझको पूजा है,
मेरा नही, पर इनका न कोई दूजा है,
कोई हुई हो गलती,
तो मुझे बता,
कुछ बची हो कुर्बानी तो मुझे बता,
लाके रख दूंगा चरणों में तेरे,
बस अब धरती को बख्श दे मेरे।


