दोषियों से मुझे शिकायत ही नही है,वो तो हैवान है, शरीर नोच कर ही खायेगा,शिकायत उन समाज के रखवालों से है,चिता सजा आधी रात को,राजनीति की आग से जला दी,वो 'साहब' अपने बेटी के सम्मुखक्या अब भी जाएगा।