दिलों का टूटना भी क्या टूटना है

हमने उम्मीदों को टूटते देखा है

तुम्हारा रूठना भी क्या रूठना है

हमने जिंदगी को रूठते देखा है

तुम्हारा हम पे हँसना भी क्या हँसना है

खुद को खुद पर हँसते देखा है

तुम्हारा सुनना भी क्या सुनना है

हमने बहरों को सुनते देखा है

तुम्हारा बोलना भी क्या बोलना है

हमने गूंगो को बोलते देखा है

बाजारों में बिकना भी क्या बिकना है

हमने बाजारों को बिकते देखा है

हमारे पास ये इतना लेखा-जोखा है

क्योंकि हमने बड़े मन से 2020 देखा है

- र√ पाटीदार