तुम कहो तो यह चंद पंक्तियां 

पढ़ दूं तुम्हारे लिए

और तुम्हारी यह अधूरी लिखी बातों को 

कहो तो पूरा कर दूं हां?

अगर इजाजत हो .......


चलो हो आए कहीं

चाहे हो बनारस की घाट

या हो भीड़ वाली गलियां 

चाहिए कुछ पल 

अगर इजाजत हो.........


काम से फुर्सत पाओ तो

दो कदम साथ चलना

या बैठ जाना वहीं 

कुछ बातें करनी है

अगर इजाजत हो.......


~ रश्मि