मैंने ज़िन्दगी से बस
ये ही सीखा ,
अगर पथ पर
फूल और कांटे (कंकर)
मिले तो
इन्हें बटोर के रखना चाहिए
क्योंकि औरत
फूलों और काँटों (कंकरों) के
मिश्रण से
अपने सपनों की
झोपड़ी को बना ही लेती है।


मैंने ज़िन्दगी से बस
ये ही सीखा ,
अगर पथ पर
फूल और कांटे (कंकर)
मिले तो
इन्हें बटोर के रखना चाहिए
क्योंकि औरत
फूलों और काँटों (कंकरों) के
मिश्रण से
अपने सपनों की
झोपड़ी को बना ही लेती है।