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पतवार ' हैरान '


अजब ये दौर तूफ़ानी,तेरा जो साथ मिल जाए,

राह हमवार हो जाए,मंज़िल पास आ जाए,

उमंगें नाव बन जाएं,वफ़ा पतवार हो जाए।

— राजीव ' हैरान '
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