अजब ये दौर तूफ़ानी,

तेरा जो साथ मिल जाए,

राह हमवार हो जाए,

मंज़िल पास आ जाए,

उमंगें नाव बन जाएं,

वफ़ा पतवार हो जाए।

 - राजीव ' हैरान '