देश वासियों!
अब तक जान चुके होगे
दुर्भाग्य लिखा
सबके माथे पर
चाहे जो हो
कुछ भी नहीं बदलने वाला
भूख, गरीबी और महामारी से
या फिर ऐसे वैसे
जीना मरना लगा रहेगा
किन्तु सदा यह याद रहे
मतदाता बन कर वोट डालना,
नेता चुनना
स॔विधान से प्राप्त हुआ अधिकार है।
तुम सरकार बदल सकते हो
तुम सरकार बना सकते हो
फिर जो होता आया था
वैसा ही होगा
वही भोग फिर से भोगोगे
जैसा तुमने अब तक भोगा।
नेताओं के भाषण, वादे
सुनते रहना
मन में सपने बुनते रहना
फिर कोई चुनाव आएगा
आशान्वित हो वोट डालना
शायद कुछ अच्छा हो जाए
लोग कहा करते हैं यह-
उम्मीद पे दुनिया कायम है।
लोकत॔त्र है।
