पीते रहो
जीवन का रस
खट्टा या मीठा
स्वाद से भरपूर
थोड़ा कम या फीका
पियो अन्तिम बूंद तक
पीते रहो,जीते रहो
मोह माया कभी
काया के लिए
किस हेतु करना
एक दिन सबको है मरना
मृत्यु से किसलिए डरना
अस्तु!जीवन शान से
जीते रहो, पीते रहो
जीवन का रस
छक कर पियो
जब तक जियो।
