हसरत-ए- दिल और जहान-ए- हकीकत,ऐ ख़ुदा ये बेबसी क्या है,अगर इसे ही जिन्दगी कहते हैं,तो फिर ये मौत चीज क्या है
हसरत-ए- दिल और जहान-ए- हकीकत,ऐ ख़ुदा ये बेबसी क्या है,
अगर इसे ही जिन्दगी कहते हैं,तो फिर ये मौत चीज क्या है