कच्ची उम्र के मासूम चेहरों कीफैली हुई हथेलियांबेबस आंखें उम्मीदों में डबडबातीमहज़ उनकी स्थितिनहीं दर्शाती,वह दर्शाती हैं समाज कीअव्यवस्था, असभ्यता कोयह साबित करती हैंतमाम तथाकथित समाजसेवियोंनेताओं के वादेमहज़ दिखावा है, धोखा है।