वो जिसे सुनकर ख़ुशी से रो पड़े आँखें तेरी,

आसमानो से कभी ऐसी खबर भी आएगी

आज तेरी मुट्ठीयों में रेत है, तो क्या हुआ

इस समंदर में कभी तेरी लहर भी आएगी||

~Manoj Muntashir