आजकल बातें, कम शिकायतें गिना लगा रहे हो तुम।हमें मालूम है किसके हिस्से आ रहे हो तुमये तल्ख लहज़ा, ये बेवज़ह नाराज़ीअब रहने भी दो यार।चलो मान लिया कोई हमसे बेहतर पा रहे हो तुम ।
आजकल बातें, कम शिकायतें गिना लगा रहे हो तुम।हमें मालूम है किसके हिस्से आ रहे हो तुम
ये तल्ख लहज़ा, ये बेवज़ह नाराज़ीअब रहने भी दो यार।चलो मान लिया कोई हमसे बेहतर पा रहे हो तुम ।