यादों की तस्वीर में एक स्पष्ट सी याद,

उभर आती है क्यूं हर सांस के साथ,

प्यारी सी हंसी के बीच हृलकी सी‌ मुसकुराहट,

हवा का शीतल सा एक झौंका,

एक लम्बी ऊंची सी परछाई,

हाथ में वो उसका वो काला सा झोला,

एक सी वो इत्र की खुशबू,

नजरों में मारीच सा जादू,

व्यक्तित्व में निपुणता की झलक,

वो आत्मविश्वास से भरी चाल,

और संग चलता एक मायाजाल,

सुन, बारिशे भी अब जाने को है,

कभी यादों की स्मृतियों से उभर,

इस अहसास ‌को जीवन्त कर दे,

जीवन की विविधताओं में ना जाया कर ये हसीन‌ पल,

आ इस खूबसूरत ख्वाब में थोड़ी सी जान भर दे...