ये इश्क़ है, क्या, ये किसको पता,
ये दर्द जो है, ये किसको पता,
ये मौसम भी, ये सागर भी,
ये नदियाँ भी, ये आँचल भी,
ये ख़्वाहिश तो एक आस भी है,
पर ख्वाब सज़ा रखे हो जिसने,
वो एक बादल - अम्बर भी,
समझना जिसे आसान नहीं,
परख़ना हो जिसे वो जाम नही,
एक प्रश्न है, मेरे मन में,
ये इश्क़ है, क्या, ये किसको पता,
जो डूबा इस प्रेम जाल में,
जिसने पाया अमृत रस इसमें,
वो जाने ये दर्द है, क्या,
मोहब्बत में इक मस्ती लेकर,
डूब गया जो इसमें दिलबर,
वो बादल आवारा है,
नदियों में वो जाना चाहे,
प्रेम का रस वो पीना चाहे,
उसको ये पता - की,
ये इश्क़ है, क्या, ये किसको पता,


