ये पैबंद होते हैं ना

बहुत कुछ छिपा देते हैं

कभी जख्म किसी 

का भर जाते तो

कभी दर्द किसी

का छूपा देते

कभी पुराने को

नया कर देते तो

कभी आधुनिक

बन इतराते

कभी लफ्ज़ बन

नज्म बनाते तो

कभी रिश्तों के

मायने बदल देते

हां ये पैबंद हर

हालात में जीना

सिखातें..!


पिंकी ✍️