रंग, मजहब , उम्र ,कद , काठी, जमाना, लोग वगैरह वगैरह ,
ऐसी कई वजहें है जो मुझे तुम तक पहुंचने से रोकेंगी ,
मैं बस इतना चाहती हूँ ,
तुम वो वजह बनो जो इन्हे तोड़ने के लिए काफी हो ,
और मुझे मलाल न रहे इन्हे तोड़ने का।
- पिंकी झा


रंग, मजहब , उम्र ,कद , काठी, जमाना, लोग वगैरह वगैरह ,
ऐसी कई वजहें है जो मुझे तुम तक पहुंचने से रोकेंगी ,
मैं बस इतना चाहती हूँ ,
तुम वो वजह बनो जो इन्हे तोड़ने के लिए काफी हो ,
और मुझे मलाल न रहे इन्हे तोड़ने का।
- पिंकी झा