सुबह का चलना,

रात का ढलना,

सुरज की रौशनी,

चाँद की चांदनी,

ये सब तुम ही तो हो,

तुम मेरी प्रेरणा हो l


मेरी सांसो का चलना ,

दिल का धड़कना ,

मेरा जीवन सम्पूर्ण,

मेरी मृत्यु का चैन ,

ख़ुशी या गम में बीतते दिन रैन ,

तुम ही तो हो,

तुम मेरी प्रेरणा हो l


तुम्हारा साथ ,

दुनिया की सारी बात ,

मेरी लेखनी का स्त्रोत,

लेखनी का फल ,

मेरी शुरुआत ,

मेरा अंत ,

मन की इछाये ,

इच्छाओ का फल ,

तुम ही तो हो,

तुम मेरी प्रेरणा हो l

- पिंकी झा