दिल खाली महसूस किया है कभी ?

जैसे कोई भाव ही न बचा हो, 

और न ही किसी के लिए , 

लोगो के कहने का, 

कुछ करने का फर्क ही न पड़े , 

बस रक्त संचालन ही एक काम है , 

भावनाये किसे कहते है याद नहीं, 

प्रेम भूल गए हो, 

दर्द बस नाम हो, 

घटनाओ के असर न हो, 

न्याय या अन्याय बस घट रहे हो, 

सुख और दुःख बस चलते हो, 

उनसे मतलब खत्म हो , 

खाली दिल रहने से ऐसा ही महसूस होता है |

- पिंकी झा