हे वीर,मेरी आंखें भी सारी रात तुम्हारी फ़िक्र में जागी हैमेरा लहू भी राष्ट्र के खातिर बहने का अभिलाषी है।जरूरत पड़ने पर सैकड़ों युवा तुम्हारी तरह आएंगे,भारत मां के चरणों में अपना शीश भेंट चढ़ाएंगे।
हे वीर,मेरी आंखें भी सारी रात तुम्हारी फ़िक्र में जागी हैमेरा लहू भी राष्ट्र के खातिर बहने का अभिलाषी है।
जरूरत पड़ने पर सैकड़ों युवा तुम्हारी तरह आएंगे,भारत मां के चरणों में अपना शीश भेंट चढ़ाएंगे।