गुज़र जाता है हर लम्हा ,

   छलक जाती हैं तस्वीरें ,

   महक जाते हो सांसों में ,

   चले आते हो बातों में,

तुम्हारी रुख़सती भी अब, हमें 'गुनहगार'बनाती है


- गुनहगार