राम, तुम सिर्फ एक नाम नहीं हो,

राजनीती का सामान नहीं हो,

भारत का स्वाभिमान हो,

रघुकुल का अभिमान हो,

अयोध्या का विश्वास हो,

दशरथ की भावना हो,

कौशल्या की ममता हो,

सीता की मर्यादा हो,

लक्ष्मण का पौरुष हो,

शबरी की भक्ति हो,

हनुमान की शक्ति हो,

त्याग का दूसरा नाम हो,

पापियों का काल हो,

राम तुम किसी भी विशेषण में रहो,

राम तुम सबमे विद्यमान हो,

राम तुम हमारे भगवान् हो!


-पलक अग्रवाल