वो टिमटिमाता हुआ लैंप पोस्ट वही है, आज भी,


आँखें मिली उससे आज, बहुत सारे वो पल फिर से जिंदा हो पड़े,


ठहरा , मुसकुराया, और आगे बढ़ गया,


न मैं वो हूं, न समय वो है , पर वो लैंप पोस्ट वही है,


न जाने कितनी यादें संजोये आज भी टिमटिमा रहा है!!