तुझे जो दूर हो गए होंगे
कितने मजबूर हो गए होंगे
मुद्दतों से संभाल रखा है
जख्म नासूर हो गए होंगे
तेरे हाथों में हाथ वाले लोग
थोड़े मग़रूर हो गए होंगे
नाम तेरा जो लोग लेते हैं
तुझ से मशहूर हो गए होंगे
कुछ जो रोशन चराग़ थे तुमसे
अब वो बे-नूर हो गए होंगे
जो तेरे आसपास रहते हैं
सबको मंज़ूर हो गए होंगे
तेरे होने से तेरे छूने से
सर्द महरूर हो गए होंगे
तेरी आँखों में आने वाले अश्क़
तुझ से पुर-नूर हो गए होंगे
