एक सफर हर रोज करता हूं मैं
जज्बातों को कागज़ पर उकेरता हूं मैं
ऐसे ही नहीं बना ये रिश्ता यू ही
बड़ी शिद्दत से जो लिखता हूं मैं


एक सफर हर रोज करता हूं मैं
जज्बातों को कागज़ पर उकेरता हूं मैं
ऐसे ही नहीं बना ये रिश्ता यू ही
बड़ी शिद्दत से जो लिखता हूं मैं