नाराज़गी दिल की बजाय शब्दों में रखना, हवा के साथ उसके रुख़ का ना बदलना, बहूत पसंद है मुझे।
ट्रेडमिल पे दोड़ने पे उसकी जुल्फों का लहराना, हया से उसकी नज़रो का झुक जाना, बहूत पसंद है मुझे। दुनिया की परवाह किये बगैर दिल चाहे वो करना, छोटी छोटी बात पे लोगों का दिमाग खाना, बहूत पसंद है मुझे। उसका छोटी छोटी बातों पे मुँह फुला लेना, मेरे नाराज़ हो जाने पे मुझे गले लगा लेना, बहूत पसंद है मुझे।

