अपने वक्त पर तू गुमान ना कर...

यूं किसी का तू अपमान ना कर...

यह तो बस वक्त-वक्त की बात है...

तुझे मिली बस वक्त की सौगात है...

क्योंकि वक्त का भी एक दस्तूर है...

आज तू है, तो कल कोई और मशहूर है...


-नैना कौर