लगी है ईर्ष्या की आग चारों ओर, आग बुझाने का काम कौन करेगा??

आएगी बाढ़ तो बुझे की आग, पर बाढ़ से बचाने का काम कौन करेगा??

आएगा भूकंप तो समाएगा पानी, पर भूकंप को रोकने का काम कौन करेगा??

जहा से जन्म लिया ईर्ष्या ने, वो है इंसान की सोच, इसलिए इंसान ही करेगा...


- नैना कौर / @NainaKaur1101