मन रहे व्याकुल तो ख्वाबों में उतर जाना ये अच्छा नहीं,
ख्वाबों में आकर सरगम छेड़ जाना ये अच्छा नहीं,
..............................................................
सरगम छेड़ सपनों में उतर जाना ये अच्छा नहीं,
सपनों में आकर मेघ सा बरस जाना ये अच्छा नहीं,
..............................................................
मेघ सा बरसकर यूं हमको भिगाना ये अच्छा नहीं,
भिगाकर मुझे तुम्हारा दूर चले जाना ये अच्छा नहीं,
.............................................................
दूर जाकर मुझे ख्वाबों से जगाना ये अच्छा नहीं,
यूं जगाकर कर मुझे बेचैन कर जाना ये अच्छा नहीं ।


