नजरों के तीर से यूं, वार न करो
बीमार हु बीमार मैं, शिकार न करो
चल न सको साथ तो मुझे, बेकार न करो
चोट लगती है मुझे नजरों से, बौछार न करो
करता हूं प्यार तुमसे, तुम उधार न करो
मैं हद में हुं खुद के, तुम हद यूं पार न करो ।


नजरों के तीर से यूं, वार न करो
बीमार हु बीमार मैं, शिकार न करो
चल न सको साथ तो मुझे, बेकार न करो
चोट लगती है मुझे नजरों से, बौछार न करो
करता हूं प्यार तुमसे, तुम उधार न करो
मैं हद में हुं खुद के, तुम हद यूं पार न करो ।