उस एक कहानी का,

किस्सा थे तुम।

उन तमाम यादों का,

एक पल थे तुम।

उन बातों में समाए,

जज्बात थे तुम।

उन अनकही ख्वाहिशों की,

एक आस थे तुम।

उन सभी लम्हों के,

एहसास थे तुम।

उस दर्द भरे समय की,

मिठास थे तुम।

उस एक अधूरी बात का,

हिस्सा थे तुम।

उस एक कहानी का,

किस्सा थे तुम।।


~ मुकेश