आज कल का युवा भी दलाली मे व्यस्त 'है
अपने अपने पार्टी की, चाटुकारिता में मस्त' है
युवा का ये पतन उसके सपनो पर चोट' है
राजनीति दलों को समझो उनके मनमे 'खोट है
आज कल युवा भी “दलाली” मे व्यस्त' “है......!
वो तुम्हारा उपयोग करते हैं और तुम्हारा “शोषण' भी
वो तुम्हारे बड़े सपनों के बदले छोटे सपने दिखा ''देते
तुम ख़ुश हो जाते हो और लगते हो पीछे पीछे भागने
नेता जी के हाँ मे हाँ और लगते हो “नारे “लगाने
मूल मुद्दों से तुम्हें “भटका” अपने हिसाब से 'मुद्दे
तुम्हें दे दिए जाते हैं और तुम आपसमे लड़ते हो
तुम तो युवा हो तुममे जोश है शक्ति है तुम 'क्यों
अपना जमीर, अपना वसूल इनके चरणों में रखते हो
आज कल का युवा भी दलाली में व्यस्त है .......!
ये सब इस लिए होता है कि तुम मान जाते 'हो
वो तुम्हें अपने स्वार्थ अनुसार उपयोग करते हैं
और फिर फेक देते हैं इतिहास के कूड़ेदान ''मे
जहाँ तुम सालो साल तक निसहाय पड़े रहते हो
अपने किस्मत का रोना रोते फटी “कमीज बहने
आज कल का युवा भी दलाली में व्यस्त है......!
तुम्हारे पास सामर्थ्य है तुम इतिहास बदल “दो
चाहो तो विश्व का पल भर मे भूगोल बदल: दो
तुम वो चट्टान हो जिससे टकरा हवा रुख मोड़
लेती है तुम्हारे “कर्मों” से भाग्य बदल जाता है
कब तक यूं “जहालत”की जिन्दगी 'जीओगे
कब तक नेताओ पार्टियों की गुलामी करोगे
आज कल का युवा दलाली मे व्यस्त है........!
क्या वाकई अपने “सपनो को मरता देख तुम्हारे
अंदर का खून नही “खौलता तुम लाश क्यो बने
हो, उठो जागो और “छीन लो अपना :अधिकार
दिखा दो लोगो को की हम एक है हम अनेक हैं
आज कल का युवा दलाली में व्यस्त है........!
अगर तुम अब भी नही जागे तो ये भेड़िये तुम्हारे
सहित :तुम्हारे बाद आने वाली “पीढ़ियों” को भी
चाटुकार और विकलांग बना देंगे क्या कहोगे
अपने बच्चों को जब उनके सपने नेताओं' के
निजी भ्रष्टाचार की बलि चढ़ जाएंगे जब “वो
पूछेंगे कि जब तुम युवा थे तो क्या कर रहे थे
इनके नेताओ के ख़िलाफ़ क्यो नही बोले' तो
क्या तुम कह पाओगे कि मै “चाटुकार था.......!
आज कल का युवा भी दलाली मे व्यस्त है......!!
@mprabhat81


