कभी झमाझम बारिश जैसे गुस्से मे बरस पड़ती है वो लड़की,कभी यू ही किसी बात पे आंखों से हँस पड़ती है वो लड़की,बेझिझक रहती है हरदम ना किसी से डरती है वो लड़की,होती है सदा अपनी ही धुन में बिंदास काम करती है वो लड़की।
कभी झमाझम बारिश जैसे गुस्से मे बरस पड़ती है वो लड़की,कभी यू ही किसी बात पे आंखों से हँस पड़ती है वो लड़की,
बेझिझक रहती है हरदम ना किसी से डरती है वो लड़की,होती है सदा अपनी ही धुन में बिंदास काम करती है वो लड़की।