Poetry 1 min read 783.2K reads

प्राकृतिक का प्यार


प्राकृतिक की बनाई चीज़े ना तो पुरानी होती है और ना ही उस से मन भरता है ।

आसमान के तारे , सूरज की रौशनी , गुलाब की पंखुड़ी , चिड़ियों की चहचहाट , बारिश की बूंदे , माँ का प्यार ❤️

— जावेद 'दरवेश'
Read more Earn more Learn more