भगवान दिखाई नहीं देता

पर उसे सुनाई देता है।

वह देखता सुनता है

हमारी आह, हमारी चीख़

हमारी हंसी, हमारे गीत

इसलिए अपनी जगह वह हमें देता है वो लोग

जो दिखते भी हैं और सुनते भी हैं।

- महक नैन