"आओ!नए वर्ष का हम स्वागत करें!"
"नए साल में आओ ! कुछ नया प्रयास करे,
कुछ गमों को भूले,
कुछ खुशियों का हम स्वागत करे !
बीती हुई होली, दिवाली, ईद ,
ऐसी खुशियाँ कभी अकेले न मनाया करे ,
इस वर्ष सारे त्योहार मिलकर ,
एक साथ हम मनाने का प्रयास करें!
आओ! ऐसा कुछ नया प्रयास करें,
आओ! कुछ खुशियों का --हम स्वागत करें !
बन्द स्कूल, बाज़ार, ऑफ़िस,मायूस- सा बचपन,
न- सूनी कभी फ़िर ये राहें रहें
मंदिर की घंटी ,कुरान की आयते, सबद -कीर्तन,
हर दिन हमें सुनाई दे !
ऐसी ख्वाईशो के साथ, आओ !
कुछ खुशियों का हम स्वागत करें !
कोरोना -कोरोना ,
ऐसा बेसुरा आलाप ,
फ़िर कभी जीवन में आया न करें ,
एक दुखद स्वपन की भाँति,
आओ! इसे भूलने का प्रयास करें ,
आओ! कुछ खुशियों का हम स्वागत करें ,
कितने अपने --यूँ रूठ कर चुप चाप चले गए ,
मिलने की आस थी कभी -जिनसे ,
अन्तिम दर्शन को भी हम तरस गए ,
आओ! कुछ नए लोगो के साथ --
सपने सजाने का फ़िर से हम प्रयास करें !
आओ! कुछ खुशियों का हम स्वागत करें ,
नव वर्ष का स्वागत, कुछ खुशियों के साथ करें,
कुछ अपनो के साथ करें ,
आओ! इस वर्ष कुछ नया प्रयास करें ,
आओ नए वर्ष का हम स्वागत करें ।


