रास्ते बंध हो, यातायात सुगम ना हो
फिर भी चले आएँगे
अरे हम कोई बाइक या कार थोड़ी है जो रास्ते में रोक लिए जाएँगे
हम तो अहसास है
गर्मी में धूप में आ जाएँगे,
सर्दी में ठंडी हवा बन जाएँगे
बरसात के साथ भी आएँगे
बरसात के बाद मिट्टी की महक में भी आपको हमारी याद दिलाएँगे
अहसास हैं अहसास, नज़र नहीं आएँगे
पर जब भी बैठे होंगे अकेले हमें सदा पास पाएँगे !


