जब भी देखाअवगुण देखाएक न मुझमेंगुण तूने देखाजा पारखीमुझको तेरीनीयत में हीखोट दिखा।मं शर्मा (रज़ा)
जब भी देखाअवगुण देखाएक न मुझमेंगुण तूने देखा
जा पारखीमुझको तेरीनीयत में हीखोट दिखा।
मं शर्मा (रज़ा)