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काफिला


किसकी थी साजिशये किसका किया थाबीच सफर में फिर कोईकाफिला लुटा था

कदम कदम पे धोखे हैंकदम कदम पे साजिशेंखंजर उसने भोंक दियाजो हिफाजत में जुटा था।

मं शर्मा( रज़ा)स्वरचित

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