रंग से सुंदरता सेसुगंध और सज्जा सेनाम जुड़ा जिन फूलों काहोता गुणगान उन्हीं कारंग गंध विहीन हैं जोशूलों से आच्छादित जोउन गुमनाम फूलों काकोई नाम नहीं लेता।मं शर्मा( रज़ा)
रंग से सुंदरता सेसुगंध और सज्जा सेनाम जुड़ा जिन फूलों काहोता गुणगान उन्हीं का
रंग गंध विहीन हैं जोशूलों से आच्छादित जोउन गुमनाम फूलों काकोई नाम नहीं लेता।
मं शर्मा( रज़ा)