मैं आवारा फिरता एक भंवरातुम कलियों की सुबास प्रियेमैं जीवन बसंत का अभिलाषीतुम प्रेम का मधुर पराग प्रियेमैं कान्हा सा सबको मिलतातुम प्रेम की पावन मिसाल प्रिये।मं शर्मा( रज़ा)
मैं आवारा फिरता एक भंवरातुम कलियों की सुबास प्रियेमैं जीवन बसंत का अभिलाषीतुम प्रेम का मधुर पराग प्रियेमैं कान्हा सा सबको मिलतातुम प्रेम की पावन मिसाल प्रिये।
मं शर्मा( रज़ा)