खूनपसीना अपना बहाकरसपनों की आहुति देकरसंतानों को सशक्त बना करउनका साथ पाने को जो तरसेवो बेबस लाचार इंसान हीइस दुनिया में पिता कहलाता है।मं शर्मा (रज़ा)
खूनपसीना अपना बहाकरसपनों की आहुति देकरसंतानों को सशक्त बना करउनका साथ पाने को जो तरसेवो बेबस लाचार इंसान हीइस दुनिया में पिता कहलाता है।
मं शर्मा (रज़ा)