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अनुनाद


जीवन के उदास पलों मेंघोर निराशा के क्षणों मेंगहन मौन का नाद हैमन में करता चिंघाड़ है

धड़कनों की ताल परएकांत करता अनुनाद हैकौन कहता है खामोशी का साजबजता बे-आवाज़ है ।

मं शर्मा (रज़ा)

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