दर्द कहूँ किआनंद कहूँसच कहूँकि झूठ कहूँमन की कहूँ किजग की कहूँअहसास कहूँकि संवाद कहूँप्रेम कहूँ किपीड़ा कहूँसबके मन भाएऐसा क्या कहूँ।मं शर्मा (रज़ा)
दर्द कहूँ किआनंद कहूँसच कहूँकि झूठ कहूँ
मन की कहूँ किजग की कहूँअहसास कहूँकि संवाद कहूँ
प्रेम कहूँ किपीड़ा कहूँसबके मन भाएऐसा क्या कहूँ।
मं शर्मा (रज़ा)