याद करती हूँ,

याद करती हूँ सभी वो तेरी बातें

किए जो हमने बाँहों में डाले बाँहें|

दूरियों में कैसी गुजारी वो सर्द रातें,

वो तड़प वो बेचैनी राहें तकती आँखें|



भूल जाती हूँ,

भूल जाती हूँ दिल दुखाने वाली बातें,

तेरे झूठ और तेरे किए सारे झूठे वादें|

आऊंगा आऊंगा बोलकर गायब होना,

भूल जाती हूँ तेरे आने के दिखावटी इरादें|