युद्ध
कितने भी लड़े मानव
अंत में
बात ही करनी पड़ेगी।
युद्ध में
जीत
सिर्फ नेता की
होती है।
जनता बनती
है लाश,
जो बचते हैं
बनते है लंगड़े
और अपंग।
मेडल मिलते हैं
अधिकारियों को।
युद्ध होना चाहिए
भूख, अज्ञानता
और अशिक्षा के खिलाफ।
युद्ध हो
बेरोजगारी के खिलाफ।
युद्ध हो
नफरत के खिलाफ।