जब पैदा हुयी
माँ मेरी रोयी थी
अपने आँसूओ की
उसने कलम बनाई
मेरे हाथों में थमाई
रोशनी में इसकी अब
सारा जहां मुझे
देखना है
बादलों पर पॉव रख
आसमां को छूना है
मेरी माँ के हर आँसू
को मुस्कान में
बदलना है ।।
~मधुलिका / @Bawra_Mann_


जब पैदा हुयी
माँ मेरी रोयी थी
अपने आँसूओ की
उसने कलम बनाई
मेरे हाथों में थमाई
रोशनी में इसकी अब
सारा जहां मुझे
देखना है
बादलों पर पॉव रख
आसमां को छूना है
मेरी माँ के हर आँसू
को मुस्कान में
बदलना है ।।
~मधुलिका / @Bawra_Mann_