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मोड़ लिया....


तेरी ख़ातिर यारा मेरे मैंने अपने कदमों का रस्ता मोड़ लिया।जाना था सज़दा करने पर रस्ता मैख़ाने की ओर मोड़ लिया।।मधु गुप्ता "अपराजिता"

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