चाहे हो वो सूरमा, चाहे हो इक संत।
होगा इस संसार में,सब का इक दिन अंत।।
राम गए रावण गया, रूतवा रहा अनंत।
होगा इस संसार में,सब का इक दिन अंत।।
अनिल कुमार ''निश्छल''


चाहे हो वो सूरमा, चाहे हो इक संत।
होगा इस संसार में,सब का इक दिन अंत।।
राम गए रावण गया, रूतवा रहा अनंत।
होगा इस संसार में,सब का इक दिन अंत।।
अनिल कुमार ''निश्छल''