मेरे दिल में समाई है वही बस एक मूरत होमेरी नज़रों से देखो तुम बला की खूबसूरत होमुहब्बत का चढ़ा है रंग चलो तुम पर ये माना परतुम्हें रंगों से भी रंग दूँ ज़रा इतनी इजाज़त दोKumar Satendra